हमारे बारे में

भारत वर्ष में राष्ट्रीय मीडिया संघ के माध्यम से मीडिया जगत में जनहित की समस्यों को अपनी आवाज बनाने वाले पत्रकारों को सम्मान दिलाने वाले उनके साथ हो रहे अंदेखी को ध्यान में रखते हुए उनकी हर संभव मदद करना सरकार द्वारा उनकी सुरक्षा , पेंशन, आवास, स्वास्थ्य, बीमा, यात्रा आदि प्रदान करवाने का प्रयास करना तथा ट्रस्ट विस्तार हेतु देश के समस्त राज्य , जनपद , खंड , ग्राम में समिति स्थापित करते हुए जनता के हितों पर काम करते हुए उनकी हर संभव मदद करते हुए समाज व राष्ट्र की रोवा करना तथा वर्ग, समुदाय में प्रेम व एकता की भावना को उत्पन्न करना। भारत वर्ष में समाज के गरीब, अनुसूचित जाति, अनुसूचित जन जाति, अल्परांख्यक आदिवासी, वनवासी, विकलांग, अनाथ, असहाय, वृद्ध व्यक्तियों, महिलाओं, काम काजी महिलाओं, परित्यक्ता एवं विधवा महिलाएँ एवं बालक-बालिकाओं के कल्याण एवं उत्थान के लिए शिक्षा, तकनीकी शिक्षा, व्यवसायिक शिक्षा, हैन्डीक्राफ्ट शिक्षा, हस्तशिल्प प्रशिक्षण एवं सेमिनार तथा स्वरोजगार शिक्षा केन्द्रों की स्थापना करना और उनका संचालन करना तथा आर्थिक मदद करना एवं ऋण उपलब्ध कराना। भारत के अनेक राज्यों में शिक्षा के प्रचार प्रसार के लिए विद्यालय, तकनीकी महाविद्यालय, महाविद्यालय, कृषि महाविद्यालय, यूनिवर्सिटी, अध्यापक शिक्षा प्रशिक्षण, विधि शिक्षण संस्था, मेडिकल कॉलेज (एलोपेथिक, आयुर्वेद, यूनानी, होमयोपैथ आदि) कृषि विज्ञान केन्द्र पशु चिकित्सा, खेल-कूद अकादमी, फार्मेसी (आयुवेद, एलोपैथी, हौम्योपैथिक, यूनानी आदि) तकनीकी शिक्षा एवं उच्च शिक्षण संस्थानों, प्रबंधन के संस्थानों की स्थापना करना एवं उनका संचालन करना। भारत वर्ष के सर्वांगीण कल्याण एवं उत्थान के लिए विभिन्न परियोजनाओं के माध्यम से आवश्यक तकनीकी एवं प्रशिक्षण द्वारा भारत के अनेक राज्यों में केन्द्र स्थापित कर ज्ञान विज्ञान का प्रचार करना। भारत वर्ष में रहने वाले विभिन्न वर्ग के बालक-बालिकाओं को उच्च शिक्षा एवं अनुसंधान के क्षेत्र में विशेष शिक्षण हेतु विदेशों में भेजने का प्रबंध करना तथा उनकी आर्थिक सहायता करना। भारतवर्ष में उत्कृष्ट कार्य करने वाले किसानों, शिक्षाविदों, कवियों चिकित्सकों साहित्यकारों भारत वर्ष के अनेक राज्यों में पुस्तकालय, वाचनालय, सामुदायिक केन्द्र वृद्ध आश्रम, अनाथ आश्रम, गुरुकुल, अध्यात्मिक उपासना केन्द्र, मंदिर, योग साधना केन्द्र धर्मशाला, महिला कल्याण आश्रम, बालक-बालिका कल्याण आश्रम, नशामुक्ति केन्द्र एवं अनुसंधान केन्द्रों की स्थापना करना तथा उनका संचालन करना। राष्ट्रीय आपदा जैसे आतंकवादियों द्वारा उजाड़े गये परिवार महामारी, भूकंप, सुनामी लहरों जैसी अन्य दुर्घटनाएँ आदि राष्ट्रीय आपदा ग्रस्त बालक बालिकाओं की शिक्षा के लिए कार्य करना तथा भारत वर्ष में कमजोर वर्ग की महिलाओं, पुरुषों, बालक-बालिकाओं के भोजन, आवास, रोजगार आदि की व्यवस्था करना तथा उनकी आर्थिक मदद करना। विदेशों में शिक्षा कृषि, स्वास्थ्य, ऊर्जा विज्ञान एवं अन्य तकनीकी शिक्षा तथा अन्य क्षेत्रों में नवीनतम जानकारी एवं अध्ययन सम्बन्धी कार्यकलापों का व्यवहारिक स्वरूप जानने के लिए विदेशों में प्रतिनिधि मंडल भेजकर भारत में नवीनतम ज्ञान विज्ञान का प्रशिक्षण देना। विश्व की समस्याओं एवं विश्व कल्याण से संबंधित विषयों पर राष्ट्रीय अन्तराष्ट्रीय सम्मेलनों का आयोजन करना। विश्व में प्रेम एवं भाईचारे को बढ़ाने के लिए उनकी संस्कृति तथा हमारी संस्कृति दोनों की संस्कृतियों से परिचित होने के लिए अपने प्रतिनिधियों को विदेशों में भेजकर और विदेशों के प्रतिनिधियों को भारत में बुलाकर भारतीय सांस्कृतिक विरासत से अवगत कराना और उनके रहने आदि सुविधाओं की व्यवस्था करना। भारतवर्ष में पानी की समस्या को देखते हुए जल संसाधन तथा जल संरक्षण के संदर्भ में कार्य करना। भारत की जनता में जागरूकता लाने के लिए इलेक्ट्रॉनिक मीडिया व प्रिंट मीडिया का संचालन करना, प्रशिक्षण शिविर, रैली, गोष्ठीयों तथा सग्गेलनों का आयोजन करना, जन चेतना हेतु पुस्तकों एवं पत्र-पत्रिकाओं का प्रकाशन तथा सत्साहित्य का निःशुल्क वितरण करना। राष्ट्रीय मीडिया संघ अपने उद्देश्यों की पूर्ति के लिए दान, विदेशी सहायता, सरकारी अर्धसरकारी सहायता, अनुदान, गिफ्ट, चल अचल सम्पत्ति प्राप्त करेगा। भारतवर्ष में पर्यावरण के संरक्षण में सहयोग के लिए जड़ी बूटियों, जंगलों, जल स्त्रोतों जंगली जीवों, वनस्पति और प्रकृति के अनेक वरदानों की रक्षा करना और उन्हें विकसित करना। भारतवर्ष के ग्रामीण एवं शहरों में स्वास्थ्य एवं शिक्षा के प्रति जागरूकता उत्पन्न करने लिए अनेक साधनों द्वारा सेवा कार्य करना तथा भारतीय चिकित्सा पद्धति आर्युवेद, युनानी, होम्योपैथ, एलोपैथिक, योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा आदि द्वारा पिड़ितों की सहायता करना। डिसपैन्सरी एवं हॉस्पीटलों का निर्माण कर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना । भारतवर्ष में भूमि को विकसित करना। किसानों को नई तकनीकियों से खेती कराना, कृषि फार्मो तथा डेरी फार्मो आदि केन्द्रों की स्थापना करना। भारतवर्ष में सांस्कृतिक कार्यक्रमों तथा शिविरों के माध्यम से राष्ट्रीय एकता, सदभावना, सामाजिक समरसता के कार्य करना एवं जन चेतना उत्पन्न करना। हर उन कार्यक्रमों एवं कार्यों को करना जिससे समाज का कल्याण एवं उत्थान हो। भारतवर्ष में पशु पक्षियों, जलचर, नभचर, जानवरों के कल्याण के लिए कार्य करना उनके रहने तथा चिकित्सा को प्रबन्ध करना। अन्य संस्थाओं, ट्रस्टों और गैर सरकारी संस्थाओं की सहायता करना, उनसे सहायता लेना और उनके साथ सहयोग करना तथा उनके साथ मिलकर भारतवर्ष के कल्याण एवं उत्थान के लिए कार्य करना। ट्रस्ट के उद्देश्यों को मूर्त रूप देने के लिए कथाओं, सत्संग समारोह, इत्यादि कार्यक्रमों का आयोजन करना एवं इन कार्यक्रमों में जनता से दान एवं गुप्तदान की अपील करना। तत्पश्चात् आये हुए दान एवं गुप्तदान से संकल्पों को पूरा करने का प्रयास करना। भारत के संविधान के अनुसार मानव अधिकारों की रक्षा करना एवं समाज में हो रहे अत्याचार, भ्रष्टाचार व अन्य सामाजिक बुराईयों के खिलाफ जागरूकता उत्पन्न करना तथा कार्यपालिका व न्यायपालिका की मदद से संविधान, कानून व नियमों, एवं मानव मात्र के अधिकारों की रक्षा करना एवं न्यायलयों में जनहित याचिका के माध्यम से संविधान कानून व नियमों एवं राष्ट्र हितों की रक्षा करना।